Monday, 13 February 2012

complaint

सेना में, 
मेरे पास एक शिकायत है. सब दिन पर मेरे परोसें बहुत अजीब है उन का घर में सिर्फ जवानी है. इस लिए, वे बहुत बात कर रहा है. कुछ दिनों पर वे बहुत जोर होता. वे सब रत में बहुत देर से जाग रहा है.  कब वे देर से जाग रहा है की वे संगीत स्पेअकेर्स पर सुनाता है. ये स्पेअकेर्स बहुत जोर से बजता है. इस लिए मुझ को चाहता है की आप उस को रुक चाहिए उस को भी मेरा घर को सम्मान नहीं आया कुछ समय पर वे मेरा घर पर अंडे पंक रहा है इस लिए मैं मेरा घर को साफ़ कर परता है. मेरे पास नहीं बहुत समय इस लिए है और उन को सोचता है की इस बात एक बात नहीं है लेकिन मुझ को साफ करना बहुत पसंद नहीं है तो आप सही उन को वह करना रुक कर चाहिए अगर आप इस बात को नहीं रुक करता है फिर मैं इस बात को रुक कर परता है और मैं अच्छा नहीं हो गई क्यों की मैं इस बात के बारे में अच्छा नहीं है मैं बहुत नाराज़ हो गई मेरे परोसें भी दुसरे परोसें परोशें कराता है वे भी नहीं सो सकता है क्यों की उन की स्पेअकेर्स जोर से बहुत बजता है लेकिन मेरा घर सिर्फ पर अंडे पंक रहा है. तो आप मुझ को मदद कर चाहिए या मुझे बहुत शिकायत आएगा 
भानानीय महोदय, गर्रेत्त 

Wednesday, 8 February 2012

भारत में कवयित्री और क्रांतिकारी थी. इस कवयित्री फरवरी 13 पर 1879 में पैदा हुआ थी. उसका नाम सरोजिनी नायडू थी लेकिन उस ने कभी कभी भारत की बुलबुल  बुलायी  थी . कवयित्री का पिता एक बहुत बड़ा आदमी था.उसने निजाम कॉलेज शुरू कर दिया. उसकी माँ भी कवयित्री थी और वह बंगाली में लिखती थी. 
सरोजिनी जी आठ बच्चों के पहली थी.
एक भाई कलाकार था. एक और एक भाई क्रांतिकारी था. 
 नायडू जी उर्दूतेलुगुअंग्रेजीबंगालीऔर फ़ारसी बोल सकता है.
 जब वह पन्द्रह थी वह इंग्लैंड चले गी थी. 
 वहाँ उसने गिरतों कॉलेज, काम्ब्रिद्गे की उनिवेर्सित्य भरती किया. 
जब सरोजिनी बहार थी  उस ने कॉलेज शुरू किया. यह बहुत छोटा था. 
जब वह सिर्फ पन्द्रह था उस ने डा. गोविंदराजुलू नायडू से मुलाकात की.
 जब वह कॉलेज खत्म वह भारत वापस आया. जब वह 19 साल का थी उसने डॉ.नायडू  शादी कर ली. सरोजिनी जी ब्रह्म थी  लेकिन डॉ.नायडू  नहीं था.
भारत में इस समय इस तरह का शादी के पास नहीं था.
फिर भी उनके शादी अच्छा था. उनके चार बच्चों थे सरोजिनी जी की बेटी उसके बाद पश्चिम बंगाल के राज्यपाल बने. 
1925 में सरोजिनी जी राष्ट्रीय कांग्रेस की पहली महिला राष्ट्रपति बन गई.  वह गांधी के साथ जेल में बंद थी. इस के समय  "नागरिक अवज्ञा आंदोलन" था.
उसने भी महिलाओं के लिए कई अच्छी बातें किया. उसने भारत में महिलाओं के लिए भाषण दिया
वह 1942 70 साल की उम्र में मृत्यु हो गई. उसने 50 साल के लिए लोगों को बहुत अच्छा किया. उस समय में वह कई कविताएं, गीतों, और किताबें लिखी.वह बच्चों की थी, शादी थी, प्यार करती थी, और एक नेता बन गयी. वह  महिलाओं के लिए एक बहुत अच्छी उदाहरण बन गयी. यह सरोजिनी  नायडू  थी.

Amitabh Bachan

श्री अमिताभ बचंजी अलाहबाद में पैदा हुए थे. उनके पापा एक बहुत बड़े कवि थे. अमिताभ बचन भारत के सबसे सम्मानित अभिनेता हैं. उन्होंने १९७०'s  और १९८०'स में लोकप्रियता हासिल की. उनकी एक प्रसिद्ध फिल्म "ज़ंजीर" थी, जिसके कारण उनको "फिल्म्फारे नोमिनातिओं" मिला-- सबसे अच्छे साधक के लिए. इससे पहले बचनजी ने फिल्मो में "रोमांटिक" रोल्स किये थे, लेकिन "ज़ंजीर" में वे ऑफिसर "इंस्पेक्टर
 विजय खन्ना" बने. इस फिल्म के बाद वे बॉलीवुड में बहुत सारी अप्रसन्न रोल्स किये-- और कहीं बार वे फिल्मों में गुंडे के रोल्स किये. 
१९७०'स से लेकर आज थक उन्होंने बहुत सरे फिल्मों में काम किया हैं. अभी उनका उम्र ६९ हैं, और अभी भी काफी फिल्मों में आते हैं! १९७०'स में 
उनकी शादी एक्ट्रेस जाया बहधुरी से हुई थी और उनके दो बच्चे हैं, अभिषेक और स्वेता. अभिषेक भी बहुत बड़ा अभिनेता हैं और कलाकार भी. 
वह उपने पापा का कमाया हुआ नाम ज़रूर आगे बढ़ाएगा फिल्म इन्दुस्ट्री में. 


Tuesday, 7 February 2012

अली अकबर खान

 अली अकबर खान 14 अप्रैल 1922 जन्म हुआ था और एक हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीतकार, सरोद बजाने के लिए जाना जाता था. उसने लोगों को पश्चिम में भारतीय शास्त्रीय संगीत को सुनाया. उन्होंने पांच ग्रैमी पुरस्कार के लिए नामित किया गया था और 1989 में भारत का दूसरा सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण दिया. खानसाहिब गांव शिबपुर, बांग्लादेश में पैदा हुआ था.उसके जन्म के बाद खान के परिवार मध्य प्रदेश, भारत को लौट गया. वहाँ अपने पिता महाराजा के लिए अदालत संगीतकार था.

उनके पिता, अलाउद्दीन खान, एक सख्त शिक्षक था और उनके पिता ने बहुत घंटे के लिए खंसाहिब से अभ्यास करवाएं. इस समय के दौरान उन्हें कई महान संगीतकारों से मिलें: तिमिर बरन, पन्नालाल घोष, और रवि शंकर. अभ्यास के वर्षों के बाद उन्हें 1936 में इलाहाबाद में एक संगीत सम्मेलन में अपनी पहली प्रदर्शन दिया. 1944 में, दोनों शंकर खान और खानसाहिब मैहर छोड़ दिया करने के लिए उनके संगीत कैरियर शुरू किया. खान 'एयर लखनऊ' के लिए सबसे कम उम्र के संगीत निर्देशक बन गया और तब बंबई आ गए. एक रिकार्ड के लिए वह से राग चंद्रनंदन बना. यह रिकॉर्ड भारत में एक बड़ी सफलता थी और राग से खान्सहिब का नाम पूरा दुनिया को चर्चा  हो गया.1956 में, खानसाहिब कॉलेज कलकत्ता में संगीत की स्थापना की. उसको इच्छा है कि दुनिया को भारतीय शास्त्रीय संगीत सिखा था. उसने सैन राफैएल, कैलिफोर्निया में एक और स्कूल की स्थापना की.

खानसाहिब अमेरिका में पहले भारतीय संगीतकार भारतीय शास्त्रीय संगीत की एल्बम बनाकर और अमेरिकी टेलीविजन पर सरोद भेजा. खानसाहिब ने अपने जीवन के पिछले चार दशकों के लिए अमेरिका में रहते थे. उन्होंने दौरा किया था जब तक उसका स्वास्थ्य खराब हो गया. वह 2009 में गुर्दे की विफलता की मृत्यु हो गई. अली अकबर खान तीन बार शादी की और सात पुत्र और चार पुत्रियाँ हैं. उनके सबसे बड़े पुत्र, आशीष खान भी एक सम्मानित सरोद वादक है.

Aamir Khan

 आमिर खान एक प्रसिद्ध फिल्म स्टार है. उस का जनम दिन चौदह मार्च सन १९६५ में हुआ. आमिर खान बहुत सुन्दर है. जब मैं भारत जाता हूँ, सब लोग कहते कि मैं आमिर खान से शकल मिलता है. मैं और अपना परिवार नहीं सोचते कि मैं और आमिर खान अलग लगता है. आमिर खान बहुत फिल्मे में "एक्टिंग"करता है. आमिर खान ११ था जब वो एक्टिंग शुरू किया. उसने बहुत अवार्ड्स जीते एक्टिंग में. वह डेल्ही बल्ली में है, तीन "इदिओत्स" में है, घाजिनी में है, फना में है, दिल चाहता है में है, और लगान में भी है. वह बहुत और फिल्मे में है लेकिन उस की फिल्म लिस्ट बहुत बड़ा है. हर फिल्म कि आमिर खान करता है, वे बहुत अच्छे हैं. लेकिन अब आमिर खान बूड़ा हो रहा है. कभी कभी मैं सोचता कि मैं दोक्टोरी छोड़ सकता हूँ और भारत जाकर एक्टिंग करूँगा. आमिर खान बहुत अच्छा फिल्म स्टार है. बहुत लोग आमिर खान को पसंद करता है. आमिर खान सिर्फ एक्टिंग नहीं करता है. वह फिल्म दिरेक्टिंग भी करता है. लगान उस का पहेली फिल्म कि आमिर खान ने बनाया. उस के बाद, उसने तारे ज़मीन पर बनाया. आमिर खान के तीन बच्चे है. मैं और क्या कहा सकता हूँ, आमिर खान के बारे में. आमिर खान लम्बा नहीं है. मैं भी लम्बा नहीं है. इसलिए मैं भारत जा सकता हूँ और एक्टिंग कर सकता हूँ. बस, मैं खत्म हूँ. मैं बाद में लिखूंगा. 

अमिताभ बच्चन - अवि अमिन

अमिताभ बच्चन ग्यारा अक्टूबर १९४२ में पैदा हुआ था। उन के पापा एक कवि थे और उन का नाम हरिवंश राइ बच्चन थे। अमिताभ उत्तर प्रदेश में पदा थे। वे मुंबई आने के बाद, फिल्म स्टार बन गएँ. वे अन्धेरा थे लेकिन उन के पास एक सुन्दर गहरी आवाज़ थे। वे राजीव गाँधी का दोस्त भी थे। अमिताभ की पत्नी का नाम जाया बच्चन थी और दोनों के बेटा का नाम अभिषेक बच्चन थे। उन की पहेली फिल्म सात हिन्दुस्तानी थी लेकिन यह फिल्म बहुत बुरी थी। १९७३ में अमिताभ एक मशहूर फिल्म में थे और इस फिल्म का नाम ज़ंजीर है। यह फिल्म के बाद अमिताभ एक बदा फिल्म स्टार बन गएँ। वे दुनिया से सबसे बदा फिल्म में थे: शोले। वे एक अनोखा आदमी थे क्योंकि वे "त्रगेद्य," "कॉमेडी," "एक्शन," "रोमांस," और "ड्रामा" फिल्मों में काम करते थे। १९८०स में, वे एक एक्सिडेंट में थे जब वे कुली फिल्म बनाते थे। लोगों को उनके लिए प्रार्थना की। १९८५ में, वे संसद के एक सदस्य बन गएँ। लेकिन दो साल के बाद, वे संसद छोड़ दियें। उनके दिल फिल्मों बनाने में नहीं थे, और तीन फ़िल्में फ्लॉप थी। अमिताभ सिर्फ फिल्मों नहीं बनाते हैं, वे गेम शो होस्ट भी थे। आज कल वे साठ हैं और अभी भी फिल्म बनाते हैं। २००१ में, वे एक मशहूर फिल्म में थे: कभी ख़ुशी खबी ग़म। वे कम फिल्म बनाते हैं क्योंकि वे बूदे हैं। उन का बेटा अभिषेक अब एक मशहूर फिल्म स्टार बन गए। अमिताभ बच्चन एक महान अभिनेता है।

Monday, 6 February 2012

gandhi

महान्दास गाँधी एक बहुत मशुर आदमी था. लेकिन सब लोगों को मालूम नहीं है कि क्यों गाँधी मशुर था. गाँधी आपना बचपन में एक भारत शहर में रहता था और इस शहर का नाम पोरबंदर है. कब गाँधी १३ सालों था, वह एक औरत को शादी करता था उस का नाम कस्तूरबा था. १८८८ में गाँधी लन्दन को जाता था और यहाँ पर वह उनिवेर्सित्य कॉलेज लन्दन को सीखता था. वह भारत का लव और जुरिस्प्रुदेंस को सीखता था कब गाँधी उनिवेर्सित्य कॉलेज लन्दन से जाता था फिर वह भारत को लौटता था वह आपना लव प्रक्टिस शुरू करता था लेकिन क्यों कि गाँधी शर्म था, वह कोर्ट में जोर से बोल नहीं सख्त था. बाद में गाँधी साउथ अफ्रीका में रहता था. साउथ अफ्रीका में गाँधी आपना नेता कि स्किल्स आता था वह उन भारतीये के लोगों साउथ अफ्रीका में मदद करता था गाँधी भी उन अफ्रीका कि देशी साउथ अफ्रीका में मदद करता था. १९१५ में गाँधी भारत को लौटता था. याह समय में सब लोगों को मालूम है कि गाँधी एक राष्ट्रिय नेता होता था. गाँधी को चाहता था कि भारत एक स्वंतंत्र देश हो रहा था. खेडा में कब गाँधी प्रोटेस्ट करता था फिर वह औथोरितिएस को अर्रेस्ट करता था. यह बात बहुत भारतीये लोगों नाराज़ कराता था गाँधी सब आपना प्रोतेस्ट्स करता था, वह हिसक नहीं था. सब प्रोतेस्ट्स शांतपूर्ण होता था गाँधी यह ब्रिटिश सरकार को बोलता था  गाँधी हत्या कराता था लेकिन बहुत लोगों को यद् आयेगा क्यों कि गाँधी एक बहुत महत्वपूर्ण नेता होता था